Saturday, July 12, 2008

जाने कहां गए वो दिन ..:फ़िल्म :: मेरा नाम जोकर

जाने कहा गए वो दिन

कहते थे तेरी राह में

नजरों को बिछायेंगे

चाहे कही भी तुम रहो,

चाहेंगे तुम को उमरभर

तुम को ना भूल पायेंगे



मेरे कदम जहा पड़े,

सजदे किए थे यार ने

मुज़ को रुला रुला दिया,

जाती हुयी बहार ने

अपनी नजर में आज कल

दिन भी अंधेरी रात है

साया ही अपने साथ था,

साया ही अपने साथ है

2 comments:

महेंद्र मिश्रा said...

जाने कहा गए वो दिन

कहते थे तेरी राह में

नजरों को बिछायेंगे

चाहे कही भी तुम रहो,

चाहेंगे तुम को उमरभर

तुम को ना भूल पायेंगे.

purana gana padhakar anand aa gaya . dhanyaawd.

vinayakam said...

Thank u very much sir.,